भक्ति में डूबा टनकपुर, ‘लाल बाग के राजा’ की भव्य विदाई के साथ गणेश महोत्सव संपन्न
टनकपुर। सीमांत नगर टनकपुर में गणेश महोत्सव के अवसर पर नौ दिनों तक भक्ति, आस्था और उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला। नगर के तुलसीराम चौराहे पर ‘लाल बाग के राजा टनकपुर’ समिति द्वारा 14 सितंबर को विधि-विधान एवं धार्मिक रीति-रिवाजों के साथ भगवान श्री गणेश की भव्य स्थापना की गई। स्थापना के बाद से ही पूरा क्षेत्र गणपति बप्पा के जयकारों से गूंजता रहा और नगर में भक्तिमय वातावरण बना रहा।

महोत्सव के दौरान प्रतिदिन सुबह-शाम श्रद्धालुओं द्वारा भगवान गणेश की पूजा-अर्चना एवं आरती की गई। नगर की महिलाओं के साथ-साथ नन्हे-मुन्ने बच्चों ने भी गीत-संगीत एवं विभिन्न धार्मिक प्रस्तुतियों के माध्यम से गणपति की आराधना में उत्साहपूर्वक सहभागिता की। आरती के उपरांत श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया जाता रहा।

20 सितंबर को विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें हल्द्वानी से आए कलाकारों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कलाकारों द्वारा श्री कृष्ण, मां काली तथा गौरा-गणेश की मनमोहक झांकियां प्रस्तुत की गईं। इन आकर्षक धार्मिक प्रस्तुतियों को देखने के लिए नगर एवं आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़े और देर तक कार्यक्रम का आनंद लिया।

इसके बाद 21 सितंबर को लाल बाग के राजा का विधि-विधान से विसर्जन किया गया। ढोल-नगाड़ों और गणपति बप्पा के जयकारों के बीच श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश को भावपूर्ण विदाई दी। विसर्जन यात्रा के दौरान वातावरण ‘गणपति बप्पा मोरया’ और ‘बाबा अगले बरस तू जल्दी आना’ के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं की आंखों में आस्था और विदाई का भाव स्पष्ट दिखाई दिया।

22 सितंबर को समिति द्वारा विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में भक्तों ने पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया। गणपति बप्पा के जयकारों और भक्तिभाव के साथ भंडारा संपन्न हुआ।
गणेश महोत्सव को सफल बनाने में संजय अग्रवाल, विशाल मराठा, शंकर नैथानी,श्रीमन गुप्ता, सुनील भारद्वाज, गौरव रस्तोगी, बबलू वर्मा, आलोक वर्मा, जितेंद्र गुप्ता, शिवम कश्यप, राकेश गुप्ता, दिव्यांश गुप्ता, रामस्वरूप गुप्ता, ठाकुर, मनोज वर्मा, हेमंत जोशी एवं अवधेश वर्मा सहित समिति के सदस्यों एवं श्रद्धालुओं का विशेष योगदान रहा।

14 सितंबर से 22 सितंबर तक चले इस भव्य गणेश महोत्सव ने टनकपुर को पूरी तरह भक्ति के रंग में रंग दिया। भगवान गणेश की आराधना, धार्मिक झांकियों, सांस्कृतिक कार्यक्रमों, आरती, प्रसाद वितरण और विशाल भंडारे ने नगरवासियों में श्रद्धा एवं उत्साह का संचार किया। पूरे आयोजन के दौरान गणपति बप्पा मोरया के जयकारों से टनकपुर का वातावरण भक्तिमय बना रहा।


